सरकारी बैंकों में मिनिमम बैलेंस का झंझट खत्म? मार्च 2026 से लागू हो रहे हैं नए नियम
By MoneyCal Editorial Team • Published 2026
Table of Contents
What's New
भारत सरकार और वित्त मंत्रालय के निर्देशानुसार, 1 मार्च 2026 से सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों (PSBs) के बचत खातों (Savings Accounts) के लिए
Why It Matters
- "25 करोड़ से अधिक बचत खाताधारकों को सीधा लाभ मिलेगा।
- बैंक खातों के 'डोरमेंट' (निष्क्रिय) होने की दर में कमी आएगी।
- छात्रों और छोटे व्यापारियों के लिए बैंकिंग अधिक किफायती (Affordable) बनेगी।
- बैंकों की गैर-ब्याज आय (Non-Interest Income) में कमी आएगी, जो बैंक शेयरों के लिए चुनौती हो सकती है।"
Advertisement
नए पेनाल्टी स्ट्रक्चर का पूरा विवरण (Tiered System)
मार्च 2026 से बैंकों को
Also Read
Advertisement
शहरी बनाम ग्रामीण क्षेत्रों के लिए नियम
मंत्रालय ने ग्रामीण (Rural) और अर्ध-शहरी (Semi-Urban) क्षेत्रों के लिए मिनिमम बैलेंस की सीमा को भी कम करने का सुझाव दिया है। ग्रामीण क्षेत्रों में अधिकांश बैंकों में अब यह सीमा केवल ₹500 या ₹250 तक सीमित होगी। शहरी क्षेत्रों में इसे ₹3000 से ₹1500 तक लाने की योजना है।
क्या निजी बैंकों पर भी यह नियम लागू होगा?
वर्तमान में, यह अनिवार्य निर्देश केवल
Advertisement
बैंकों की आय पर प्रभाव (Banks
मिनिमम बैलेंस पेनाल्टी बैंकों के लिए आय का एक बड़ा स्रोत रही है। एसबीआई और पीएनबी जैसे बड़े बैंकों को इससे मिलने वाली आय में लगभग ₹2000-3000 करोड़ की सालाना कमी आ सकती है। इसकी भरपाई के लिए बैंक अब
Key Facts & Data
| नई पेनाल्टी सीमा | अधिकतम ₹10 (ग्रामीण) और ₹25 (शहरी) |
| पेनाल्टी में कटौती | 80% से अधिक |
| छूट प्राप्त खाते | जन धन, छात्र, और पेंशन खाते |
| लागू होने की तिथि | 1 मार्च 2026 |
Advertisement
Key Takeaways
- "अपने बैंक को कॉल करके चेक करें कि आपके खाते का स्टेटस 'General' है या 'Specially Privileged' (जैसे छात्र/पेंशन)।
- महीने के अंत में थोड़ा अतिरिक्त बैलेंस रखने की आदत डालें ताकि पेनाल्टी की कोई भी गुंजाइश न रहे।"